अगर कोई व्यक्ति पानी में डूब जाए तो उसको तुरंत मृत नहीं समझना चाहिए, उसको निकालने के बाद अगर उसमें ये निम्न चिन्ह मिले तो ही मृत समझों अन्यथा उसके लिए दो उपचार बता रहा हूँ. वो ज़रूर करें, ऐसा व्यक्ति दोबारा जिंदा हो सकता है.

डूबने से मरने के चिन्ह

1. मल द्वार रुक जाए.
2. नेत्र विकृत हो जाए.
3. पाँव हाथ और पेट शीतल हो जाए
4. पाँव, नाभि और लिंग में सूजन हो.
 
ऊपर बताये गए 4 लक्षण दिखे तो ही रोगी को मृत समझों. अन्यथा ये नीचे बताये गए प्रयोग कर के उसको पुनः जीवित करने की कोशिश करो.

डूबे व्यक्ति को पुनः जीवित करने के उपाय

1. सर्वप्रथम रोगी को किसी घड़े पर पेट के बल लिटा उसके पेट से सारा पानी बाहर निकालें, उसके बाद उसके पूरे शरीर पर गाय के दूध से बना हुआ मक्खन और कपूर (जो पूजा में काम में लिया जाता है) दोनों मिला कर अच्छे से पुरे शरीर पर मालिश करो, शरीर से पसीना आना शुरू होगा.जो के रोम छिद्रों द्वारा शरीर से अवशोषित पानी को बाहर निकालेगा.
 
2. कैथ, शरद ऋतू की मूंग, नागरमोथा, खस, जौ, और त्रिकुटा इनको बराबर बराबर लेकर बकरी के मूत्र में घिसकर, बत्ती बना लो, बेहोशी की हालत में, इस बत्ती को घिस कर आँखों में आंजने से होश आ जाता है. यह बत्ती अपस्मार, उन्माद, सांप के काटे आदमी, आर्दित रोगी, विष खाने वाले और जल में डूब कर मुर्दे के जैसे हो जाने वाले को अमृत के समान है
Loading...

Leave a Reply